November 25, 2017

Mahishasura Mardini Stotram : Aigiri Nandini Nandita Medini – in sanskrit with meaning – Stotra on Devi Durga

Maa Durga – The Daughter of the Mountain and Joy of the World अयि गिरिनन्दिनि नन्दितमेदिनि विश्वविनोदिनि नन्दिनुते गिरिवरविन्ध्यशिरोऽधिनिवासिनि विष्णुविलासिनि जिष्णुनुते । भगवति हे शितिकण्ठकुटुम्बिनि भूरिकुटुम्बिनि […]
November 25, 2017

Shiva Raksha Mantra

शिव रक्षा मंत्र बहुत ही शक्तिशाली मंत्र है | इस मंत्र के प्रभाव से अप्पके एक अदृश्य से सुरक्षित होजाते है जो आपको बुरी ताकतों से […]
November 25, 2017

कैसी भी बाधा हो भगवान गणेश जी के इन मंत्रो से दूर हो जाती है

यदि किसी व्यक्ति की कुंडली में बुध ग्रह अशुभ स्थिति में हो तो बुधवार को इस तरह मंत्र, पूजा कर कई परेशानी दूर कर सकते हैं। […]
November 23, 2017

विष्णु के श्वसुर महर्षि भृगु और उनके वंश को जानिए 2

दूसरा विरोधाभाष : पुराणों में विरोधाभाषिक उल्लेख के कारण यह फर्क कर पाना कठिन है कि कितने भृगु थे या कि एक ही भृगु थे। माना जाता […]
November 23, 2017

विष्णु के श्वसुर महर्षि भृगु और उनके वंश को जानिए

यदि हम ब्रह्मा के मानस पुत्र भृगु की बात करें तो वे आज से लगभग 9,400 वर्ष पूर्व हुए थे। इनके बड़े भाई का नाम अंगिरा […]

भगवान शिव को तंत्र शास्त्र का देवता माना जाता है।

अघोरपंथ के जन्मदाता भी भगवान शिव ही हैं। पवित्र श्रावण मास चल रहा है। इस महीने में मुख्य रूप से भगवान शिव की पूजा का विधान है। धर्म ग्रंथों के अनुसार, भगवान शिव की पूजा के दो तरीके बताए गए हैं पहला है सात्विक व दूसरा तामसिक। सात्विक पूजा के अंतर्गत भगवान शिव की पूजा फल, फूल, जल आदि से की जाती है। वहीं तामसिक पूजा के अंतर्गत तंत्र-मंत्र आदि से शिव को प्रसन्न किया जाता है।

PAURANIK KATHA